दार्जिलिंग यात्रा : एक अनोखा और रोमांचक सफर – भाग २

दार्जिलिंग, पहाड़ों पर बसा एक स्वर्ग जैसा सहर जहां की हवा में एक अनोखा और अद्भुत नशा सा था। मैंने ज्यादा पहाड़ या ज्यादा हिल स्टेशन नहीं देखे है बल्कि ये मेरा पहला अनुभव था पहाड़ों पर। चारों ओर हरियाली ही हरियाली थी। प्रकृति का ये अद्भुत नज़ारा मैं अपनी आंखों से देख रहा था। […]


फ्रेंड्शिप डे : यानी दोस्तों का दिन

फ्रेंड्शिप डे, एक ऐसा दिन जो पूरी तरह से दोस्तों को समर्पित है। इसका चलन दक्षिणी अमेरिका से शुरू हुआ और आज यह लगभग पूरे विश्व में अगस्त महीने के पहले इतवार को मनाया जाता है। हालांकि मुझे इस दिन में कोई खास दिलचस्पी नहीं है क्योंकि दोस्तों के लिए तो मेरा हर दिन ही […]


दार्जिलिंग यात्रा : एक अनोखा और रोमांचक सफर – भाग १

दार्जिलिंग एक ऐसा शहर जिसके बारे में मैंने सिर्फ पढ़ा या सुना ही था। दार्जिलिंग, जिसे पहाड़ों की रानी (The Queen of Hills) भी कहा जाता है। बंगाल की उत्तरी छोर पर लगभग 6500 ft. की ऊँचाई पर बसा ये शहर दुनिया भर में न सिर्फ चाय की खेती के लिए बल्कि अपनी प्राकृतिक सुंदरता […]


अँधेरा : उजाले के बाद की सच्चाई

आज दफ्तर में बड़ा ही अजीब सा माहौल था। हमारे एक साथी का जन्मदिन मनाया गया और वही दूसरे साथी की विदाई समारोह। मैं थोड़ा परेशान था, क्योंकि मैं यह तय ही नहीं कर पा रहा था की अपने उस साथी की विदाई पर मैं दुःखी होउ या फिर खुश। दुःख इस बात का था […]


गंगा आरती: एक अनोखा अनुभव

कल का दिन कोई खास तो नहीं था, सिवाय इसके की कल मैंने एक भव्य गंगा आरती देखी और उसका हिस्सा बना। गंगा, हिमालय की गोद से निकाल कर बंगाल की खाड़ी में मिल जाने वाली ये लगभग 2500 km की ना सिर्फ एक नदी है बल्कि हिन्दू धर्म में एक खास जगह है इसकी। […]